सतके सागर की गहराई
नयनों की गहराई में छुपी वासना की ज्वाला धीरे-धीरे बढ़ती है, जैसे रात के अंधेरे में चमकता एक दीया। रात की चादर में लिपटी रहस्यमयी मुलाकातें और अनजाने मोड़, जो दिल की गहराइयों को छू लेते हैं। अचानक, एक झटके में सब कुछ बदल जाता है, जैसे तूफान की पहली बूंदें जो आसमान को चीरती हुई धरती पर गिरती हैं।