न्याय की प्रतिशोध की कहानी
रात की गहराइयों में छिपे पलों की गाथा है, जहां दो दिलों की धड़कनें एक सुर में मिलती हैं। चंदन की खुशबू से भरे कमरे में दो जिस्मों की गर्माहट एक दूसरे को खींचती है, जैसे दो पत्थर एक दूसरे की ओर आकर्षित होते हैं। आँखों में छिपी वासना की ज्वाला जब फूटती है, तो सारे बंधन टूट जाते हैं और दो जिस्म एक हो जाते हैं, एक ऐसी आग में जो सब कुछ जला देती है।